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11 जून से फिर शुरू होगी न्यूज रेटिंग,’लैंडिंग पेज’ बाहर होने से बदलेगा टीवी मीडिया का समीकरण

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देश के टेलीविजन न्यूज इंडस्ट्री के लिए एक बड़ी और निर्णायक खबर है। करीब दो महीने के लंबे इंतजार के बाद अब न्यूज चैनलों की टीआरपी (TRP) रेटिंग फिर से शुरू होने जा रही है। रेटिंग एजेंसी ब्रॉडकास्ट ऑडियंस रिसर्च काउंसिल (BARC) आगामी 11 जून 2026 से न्यूज चैनलों का साप्ताहिक डेटा दोबारा जारी करना शुरू करेगी।

​हालांकि, इस बार यह रेटिंग पुराने ढर्रे पर नहीं, बल्कि एक ऐतिहासिक और बड़े बदलाव के साथ वापस आ रही है। नए नियमों के तहत अब “लैंडिंग पेज” की व्युअरशिप को टीआरपी कैलकुलेशन से पूरी तरह बाहर कर दिया गया है। मीडिया जानकारों का मानना है कि इस एक फैसले से टीवी न्यूज इंडस्ट्री का पूरा गणित और रैंकिंग का समीकरण पलट सकता है।

क्या है ‘लैंडिंग पेज’ विवाद, जिसने बढ़ाई थी टेंशन?

​सरल शब्दों में कहें तो ‘लैंडिंग पेज’ वह डिफॉल्ट चैनल होता है जो किसी भी केबल या डीटीएच (DTH) नेटवर्क पर टीवी ऑन करते ही सबसे पहले स्क्रीन पर अपने आप दिखाई देता है।

  • दिक्कत क्या थी? इसके कारण दर्शक की बिना पसंद या इच्छा के भी उस चैनल को ‘व्यूज’ और ‘वॉच टाइम’ मिल जाता था।
  • पैसे की ताकत: लंबे समय से कई ब्रॉडकास्टर्स और विज्ञापन एजेंसियों का आरोप था कि यह व्यवस्था असली दर्शक की पसंद को नहीं, बल्कि भारी-भरकम ‘डिस्ट्रीब्यूशन डील्स’ (पैसे के दम पर खुद को पहले पेज पर रखने की ताकत) को दर्शाती है। इसके कारण मजबूत कंटेंट वाले छोटे या स्वतंत्र चैनल रेस में पिछड़ जाते थे।
  • इतिहास: यह विवाद पहली बार 2020 के बहुचर्चित टीआरपी घोटाले (TRP Scam) के दौरान बड़े स्तर पर सामने आया था, जिसके बाद से ही इसमें सुधार की मांग उठ रही थी।

मार्च में क्यों लगी थी रोक?

​सूत्रों के मुताबिक, इस साल मार्च 2026 में अमेरिका-ईरान संघर्ष के दौरान कुछ न्यूज चैनलों द्वारा की गई बेहद ‘सनसनीखेज और अतिरंजित’ कवरेज को देखते हुए सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय (MIB) ने कड़ा रुख अपनाया था। सरकार ने तब न्यूज चैनलों की साप्ताहिक टीआरपी पर चार हफ्ते की रोक लगा दी थी। बाद में, ब्रॉडकास्टर्स और रेगुलेटर्स के बीच रेटिंग सिस्टम को अधिक पारदर्शी और साफ-सुथरा बनाने के लिए चल रही बैठकों के कारण इस रोक को आगे बढ़ा दिया गया था।

उद्योग पर क्या होगा असर? कौन जीतेगा, कौन हारेगा?

​BARC और स्टेकहोल्डर्स के बीच कई दौर की बातचीत के बाद लागू हो रहे इस नए सिस्टम से पूरी इंडस्ट्री में ‘साफ-सफाई’ की उम्मीद की जा रही है:

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Author: media4samachar

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